राजकुमार
हरिद्वार। नवनियुक्त वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) से श्रमजीवी पत्रकार यूनियन के प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार मुलाकात कर जनपद से जुड़े विभिन्न ज्वलंत मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। चर्चा का माहौल सकारात्मक एवं गंभीर रहा, जिसमें कानून-व्यवस्था, नशे के बढ़ते प्रभाव, साइबर अपराधों की चुनौती और वाहनों की ओवरलोडिंग जैसे अहम विषय प्रमुख रूप से उठाए गए।
एसएसपी ने स्पष्ट शब्दों में भरोसा दिलाया कि जनपद में अपराध पर अंकुश लगाना उनकी शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि हरिद्वार की संवेदनशीलता और धार्मिक महत्व को देखते हुए पुलिस किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या आपराधिक गतिविधियों के प्रति शून्य सहनशीलता की नीति अपनाएगी। नशे के बढ़ते दुष्प्रभाव पर कड़ा रुख अपनाते हुए एसएसपी ने संकेत दिया कि इस दिशा में निर्णायक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा, “हरिद्वार में नशे के कारोबार और उससे जुड़े नेटवर्क को जड़ से समाप्त करना हमारी प्राथमिकता है। इसके लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”
साइबर अपराधों पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि तकनीक के दुरुपयोग से जुड़े मामलों में तेजी से वृद्धि हो रही है, जिसे रोकने के लिए पुलिस अपने तकनीकी संसाधनों को और अधिक मजबूत कर रही है। “साइबर क्राइम आज एक बड़ी चुनौती बन चुका है। पुलिस आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए ऐसे अपराधियों पर प्रभावी कार्रवाई करेगी। साथ ही आम नागरिकों को जागरूक करना भी हमारी रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा रहेगा।”
सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर एसएसपी ने वाहनों की ओवरलोडिंग पर सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि नियमों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
“ओवरलोडिंग के कारण होने वाले हादसे गंभीर चिंता का विषय हैं। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर चालान और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”
इस दौरान श्रमजीवी पत्रकार यूनियन के अध्यक्ष ज्ञानप्रकाश पाण्डे ने भी जनहित से जुड़े विषयों पर अपनी बात रखते हुए पुलिस प्रशासन के दृष्टिकोण की सराहना की। उन्होंने कहा,
“हरिद्वार एक आस्था और संस्कृति की नगरी है। यहां कानून-व्यवस्था का मजबूत रहना अत्यंत आवश्यक है। नशे और साइबर अपराध जैसे मुद्दों पर पुलिस का सख्त रुख स्वागतयोग्य है। यूनियन सदैव जनहित एवं सामाजिक सरोकारों से जुड़े मामलों में पुलिस प्रशासन के साथ सहयोग के लिए प्रतिबद्ध रहेगी।” यूनियन पदाधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि वे समाज में जागरूकता बढ़ाने और सकारात्मक संवाद को मजबूत करने में अपनी भूमिका निभाते रहेंगे।
