गाजियाबाद। खोड़ा कॉलोनी में 11वीं कक्षा के छात्र सूर्या चौहान की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस बहुचर्चित हत्याकांड के मुख्य आरोपी असद की पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में गोली लगने के बाद अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। मुठभेड़ के दौरान एक पुलिसकर्मी भी घायल हुआ है, जिसका इलाज जारी है। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और अधिक कड़ी कर दी गई है।
50 हजार का इनामी था आरोपी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार सूर्या हत्याकांड के बाद मुख्य आरोपी असद फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी के लिए कई टीमें गठित की गई थीं और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया गया था। लगातार तलाश के बीच पुलिस को सूचना मिली कि असद अपने एक साथी के साथ खोड़ा क्षेत्र में आने वाला है और वहां से आर्थिक सहायता लेकर फरार होने की योजना बना रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने इलाके में घेराबंदी कर चेकिंग अभियान शुरू किया। इसी दौरान बाइक पर सवार दो युवक पुलिस को आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रुकने का संकेत दिया, लेकिन आरोप है कि उन्होंने रुकने के बजाय पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
जवाबी कार्रवाई में लगी गोली
पुलिस का कहना है कि आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई के दौरान असद घायल हो गया। उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उपचार के दौरान उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं मुठभेड़ के दौरान एक कांस्टेबल भी घायल हुआ, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस ने घटनास्थल से आरोपी की बाइक और एक अवैध पिस्टल बरामद की है। पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है और कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
डीसीपी ने दी जानकारी
डीसीपी धवल जायसवाल ने बताया कि 28 मई को खोड़ा क्षेत्र में छात्र सूर्या चौहान पर चाकू से हमला किया गया था, जिसकी उपचार के दौरान मृत्यु हो गई थी। परिजनों की शिकायत के आधार पर पांच आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस पहले ही तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी, जबकि मुख्य आरोपी असद फरार था।
उन्होंने बताया कि पुलिस को मिली खुफिया सूचना के आधार पर कार्रवाई की गई, जिसके दौरान मुठभेड़ हुई और आरोपी घायल हो गया। पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है।
मां बोलीं- तस्वीर देखने के बाद मिलेगी तसल्ली
सूर्या की मां सरोज ने आरोपी की मौत पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें अभी पूरी तसल्ली नहीं मिली है। उनका कहना है कि वे आरोपी की तस्वीर देखना चाहती हैं, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि वही व्यक्ति था जिसने उनके बेटे की जान ली। उन्होंने मामले में शामिल अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
पड़ोसियों में आक्रोश
घटना के बाद से क्षेत्र में लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। पड़ोसियों और स्थानीय लोगों का कहना है कि सभी आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। कई सामाजिक और धार्मिक संगठनों के कार्यकर्ता भी पीड़ित परिवार के समर्थन में सामने आए हैं।
जांच में सामने आई पुरानी पहचान
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि सूर्या और मुख्य आरोपी एक-दूसरे को पहले से जानते थे। बताया जा रहा है कि घटना वाले दिन दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने सूर्या को मिलने के लिए बुलाया था, जिसके बाद दोनों के बीच कहासुनी हुई और बाद में चाकू मारकर हत्या कर दी गई। हालांकि पुलिस अभी सभी पहलुओं की जांच कर रही है और घटना के पीछे की वास्तविक वजह का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
इलाके में बढ़ाई गई सुरक्षा
हत्याकांड और उसके बाद हुई पुलिस कार्रवाई के चलते खोड़ा क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। बाजारों में भी इसका असर देखने को मिला, जहां कई दुकानदारों ने एहतियातन अपनी दुकानें बंद रखीं।
मुख्य बाजार और आसपास की गलियों में दिनभर सन्नाटा पसरा रहा। लोग घरों की छतों और खिड़कियों से स्थिति पर नजर बनाए रहे। प्रशासन लगातार क्षेत्र की निगरानी कर रहा है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।
फिलहाल पुलिस मामले से जुड़े अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है और पूरे घटनाक्रम की कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
